धमतरी। छत्तीसगढ़ के कई जिलों सहित धमतरी में पिछ्ले तीन दिनों हुए झमाझम बारिश से महानदी का रौद्र रूप और बाढ़ ने ऐसा सितम ढाया कि लोगों का जीवन पूरी तरह से प्रभावित हो गया। कई घरों को बाढ़ ने अपनी आगोश में ले लिया था, तो कई गांव के बस्तरियों में बाढ़ जैसे हालात बन गए। इसी बीच कई लोग बाढ़ में फस गए इस दौरान ऐसे जटिल परिस्थितियों में भी धमतरी पुलिस ने बेहद ही सतर्कता और चुस्ती के साथ अपनी ज़िम्मेदारी बखूबी निभाई।
बताया गया कि उफनती महानदी के बीच धमतरी पुलिस ने साहस और मानवता की ऐसी मिसाल पेश कि,देखकर कर कोई मुरीद हो गए और पुलिस टीम की सराहना करने लगे, जानकारी के मुताबिक कुलेश्वर महादेव मन्दिर के पास लोमस ऋषि आश्रम में और गौशाला में बाढ़ के चलते 9 लोग फसे हुए थे,फिर क्या था मामले की जानकारी करेलीबड़ी चौकी पुलिस को मिली फिर ड्यूटी में मुस्तैद पुलिस ने बिना देर किए स्थिती को संभाला और बाढ़ में घिरे 9 लोगों को देर रात सुरक्षित बाहर निकाला।
पुलिस के अनुसार,बीते कल यानी 25 सितंबर की रात करीब 10 बजे नवागांव के ग्रामीणों से सूचना मिली कि आश्रम में कई लोग बाढ़ के पानी से घिर गए हैं। सूचना मिलते ही चौकी प्रभारी सउनि राधेश्याम बंजारे पुलिस टीम के साथ रेस्क्यू के लिए रवाना हुए।
3 किमी पैदल सफर, फिर 200 मीटर तैरकर पहुंचे जवान।
मगरलोड – राजिम मुख्य मार्ग से कुलेश्वर महादेव मंदिर तक बाढ़ का पानी भर जाने के कारण आश्रम तक पहुंचने का रास्ता पूरी तरह बाधित था। इसके बावजूद पुलिस जवानों ने हार नहीं मानी। टीम ने नवागांव की ओर से नदी किनारे करीब 3 किलोमीटर का कच्चा रास्ता पैदल तय किया।
इसके बाद चौकी प्रभारी राधेश्याम बंजारे,आरक्षक अनिल कुमार साहू और स्थानीय ग्रामीण नंदेश ध्रुव ने करीब 200 मीटर गहरे बाढ़ के पानी को तैरकर पार किया। जवानों ने दो बार फेरे लगाकर आश्रम में फंसे लोगों तक पहुंच बनाई और उन्हें बाहर निकालने की कार्रवाई शुरू की।
रात 1 बजे तक चला रेस्क्यू ऑपरेशन ।
लगातार बढ़ते जलस्तर और घने अंधेरे के बीच पुलिस टीम ने बेहद सावधानी से रेस्क्यू अभियान चलाया। कड़ी मशक्कत के बाद रात करीब 1 बजे तक सभी 9 लोगों को सुरक्षित बाहर निकालकर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया,रेस्क्यू किए गए लोगों में 3 बच्चे, महिलाएं, बुजुर्ग साधु और एक मानसिक रूप से विक्षिप्त व्यक्ति भी शामिल था।
इन लोगों को किया गया सुरक्षित रेस्क्यू।
दुर्गेशचंद्र प्रधान (38), पत्नी पूनम प्रधान (30), उपासना (10), अघनी (6) और अंश प्रधान (2), निवासी सुकली भाठा, देवभोग, गरियाबंद।नेहरू राम साहू (54), निवासी झाझर झोरी, नवापारा, रायपुर।धारानंद महात्मा (81), निवासी झबरा, मैनपुरी, उत्तर प्रदेश।फकलूरम महानंद (77), निवासी पैण्ड्रावन, नुवापाड़ा, ओडिशा।करीब 55 वर्षीय एक मानसिक रूप से विक्षिप्त व्यक्ति।
पुलिस और ग्रामीणों की टीम ने मिलकर चलाया अभियान।
रेस्क्यू अभियान में चौकी प्रभारी सउनि राधेश्याम बंजारे, प्रआर लोकेश नेताम, प्रआर हरिश सोरी, आरक्षक अनिल कुमार साहू, विश्वजीत वर्मा, यशवंत लहरी सहित ग्रामीण नंदेश साहू और सरपंच पति अवधराम साहू की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
एसपी भावना पांडेय के निर्देशन में पुलिस टीम की तत्परता और ग्रामीणों के सहयोग से बाढ़ में फंसे सभी 9 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। इस साहसिक कार्रवाई की स्थानीय ग्रामीणों ने सराहना करते हुए धमतरी पुलिस के प्रति आभार जताया।










