धमतरी। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में पंचायत स्तर पर प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करने के लिए बड़ा फेरबदल किया गया है। जिला पंचायत धमतरी के CEO जयंत नाहटा ने जिले के चारों जनपद पंचायतों में कार्यरत 61 ग्राम पंचायत सचिवों के मूल प्रभार में बदलाव किया है। इनमें ऐसे सचिव भी शामिल हैं, जो लंबे समय से एक ही ग्राम पंचायत में पदस्थ थे। प्रशासन का कहना है कि इस बदलाव का उद्देश्य पंचायतों में कामकाज को बेहतर बनाना, विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी लाना और प्रशासनिक व्यवस्था में पारदर्शिता एवं जवाबदेही बढ़ाना है।
10 साल से अधिक समय से एक ही पंचायत में जमे सचिव भी बदले
पंचायत सचिवों के इस फेरबदल में सबसे अहम बात यह है कि 10 वर्षों से अधिक समय से एक ही ग्राम पंचायत में पदस्थ सचिवों का भी स्थानांतरण किया गया है। लंबे समय से एक ही जगह पर पदस्थ सचिवों को लेकर जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों की ओर से बदलाव की मांग सामने आती रही थी।प्रशासनिक स्तर पर किए गए इस फेरबदल को पंचायतों के कामकाज में नई गति लाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
चारों जनपद पंचायतों में बदले प्रभार
जिला पंचायत की ओर से जारी सूची के अनुसार धमतरी जिले के चारों जनपद पंचायत क्षेत्रों में सचिवों के मूल प्रभार में बदलाव किया गया है।जनपद पंचायत धमतरी में 21, कुरुद में 25, मगरलोड में 5 और नगरी में 10 पंचायत सचिवों के मूल प्रभार में परिवर्तन किया गया है। इस तरह कुल 61 सचिवों की पंचायतों में बदलाव हुआ है। इसके साथ ही कुछ ग्राम पंचायतों में प्रशासनिक जरूरत के अनुसार सचिवों को अतिरिक्त प्रभार भी सौंपा गया है।
22 अगस्त तक नई पंचायत में ज्वाइन करना होगा
स्थानांतरित किए गए पंचायत सचिवों को नई जिम्मेदारी संभालने के लिए समय-सीमा भी तय कर दी गई है। जिला पंचायत CEO ने सभी संबंधित सचिवों को 22 अगस्त 2026 तक नवीन पदस्थापना स्थल पर अनिवार्य रूप से कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश दिए हैं।प्रशासन का उद्देश्य है कि स्थानांतरण की प्रक्रिया के कारण पंचायतों में विकास और जनहित से जुड़े काम प्रभावित न हों और नई व्यवस्था जल्द लागू हो।
ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों की मांग पर फैसला
बताया गया है कि कई पंचायतों में सचिवों के लंबे समय से एक ही स्थान पर पदस्थ रहने को लेकर ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों की ओर से प्रशासन के समक्ष बदलाव की मांग रखी जाती रही थी।अब किए गए इस व्यापक फेरबदल से ग्रामीण क्षेत्रों में प्रशासनिक कामकाज में सुधार की उम्मीद जताई जा रही है।
जनप्रतिनिधियों का कहना है कि नए सचिवों के आने से पंचायतों में शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन, विकास कार्यों की निगरानी और जवाबदेही को और मजबूत किया जा सकेगा।जिला प्रशासन के इस कदम से अब पंचायत स्तर पर कामकाज में कितना बदलाव आता है, यह आने वाले दिनों में देखने वाली बात होगी।


















