Jantar Mantar Student Protest । सरकार को छात्रों ने झुकने को मजबूर कर दिया है। मंत्री को इस्तीफआ देना पड़ा…और अब उनकी बाकी बची दो अय मांगें भी मान ली गयी है। आपको बता दें कि कई दिनों से जंतर-मंतर पर जारी छात्र आंदोलन अब समाप्त हो गया है। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने शनिवार को सरकार के साथ हुई वार्ता के बाद प्रदर्शन वापस लेने की घोषणा की।
पार्टी का कहना है कि उसकी तीनों प्रमुख मांगों पर सरकार की ओर से सकारात्मक रुख अपनाया गया है, जिसके बाद आंदोलन खत्म करने का निर्णय लिया गया।शनिवार को केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद सरकार और कॉकरोच जनता पार्टी के प्रतिनिधियों के बीच एक और दौर की बातचीत हुई। बैठक के बाद मीडिया से बातचीत में पार्टी के नेताओं ने कहा कि आंदोलन जारी रखने की अब आवश्यकता नहीं है, क्योंकि सरकार ने उनकी मांगों पर सहमति जता दी है।
सरकार ने दिया कार्रवाई का भरोसा
सीजेपी के प्रवक्ता आशुतोष रांका और सौरव दास ने बताया कि शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग पूरी हो चुकी है। वहीं बाकी मांगों पर भी सरकार ने जल्द कार्रवाई का भरोसा दिया है। इसी भरोसे के आधार पर आंदोलन समाप्त करने का फैसला लिया गया।
केंद्रीय मंत्रियों के साथ हुई चर्चा
सूत्रों के मुताबिक, कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह ने सीजेपी प्रतिनिधियों के साथ विस्तृत चर्चा की। वार्ता में आंदोलन से जुड़े मुद्दों पर सहमति बनने के बाद दोनों पक्ष सकारात्मक निष्कर्ष पर पहुंचे।
जंतर-मंतर पर सामान्य हुए हालात
आंदोलन वापस लेने की घोषणा के बाद जंतर-मंतर पर माहौल सामान्य होने लगा। प्रदर्शन में शामिल छात्र और समर्थक धीरे-धीरे वहां से लौटने लगे। इसी बीच दिल्ली मेट्रो ने सुरक्षा कारणों से बंद किए गए मंडी हाउस, राजीव चौक और सेंट्रल सेक्रेटेरिएट स्टेशन के प्रवेश द्वार भी खोल दिए। हालांकि कुछ प्रदर्शनकारी अंतिम औपचारिक घोषणा का इंतजार करते हुए मौके पर मौजूद रहे।
लंबे आंदोलन का हुआ समापन
नीट परीक्षा में कथित अनियमितताओं को लेकर शुरू हुआ यह आंदोलन पिछले कई दिनों से राजधानी दिल्ली के जंतर-मंतर पर जारी था। अब सरकार के साथ सहमति बनने और मांगों पर आश्वासन मिलने के बाद आंदोलन औपचारिक रूप से समाप्त कर दिया गया।



















