Raipur Family Death Mystery। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के टिकरापारा इलाके में एक ही परिवार के पांच लोगों की मौत का मामला लगातार रहस्यमय होता जा रहा है। अब तक की SIT जांच, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और CCTV फुटेज ने इस मामले को नया मोड़ दे दिया है। जांच एजेंसियों को प्रारंभिक तौर पर आशंका है कि परिवार के मुखिया साजिद अली ने गुरुवार रात पत्नी और तीन बच्चों को गुलाब जामुन व पेड़ा में जहरीला पदार्थ खिलाकर उनकी हत्या की और अगले दिन यानि शुक्रवार की दोपहर खुद फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। हालांकि पुलिस ने अभी किसी भी निष्कर्ष की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है और सभी पहलुओं से जांच जारी है।
CCTV फुटेज ने बदल दी पूरी कहानी
जांच में सबसे बड़ा सुराग घर के बाहर लगे CCTV कैमरे से मिला है। पुलिस के मुताबिक, शुक्रवार सुबह करीब 9:15 बजे साजिद अली घर से बाहर निकलकर बाथरूम की ओर जाता दिखाई दिया। उस दौरान घर के अंदर किसी अन्य व्यक्ति की कोई गतिविधि नजर नहीं आई।यहीं से जांच एजेंसियों को शक हुआ कि परिवार के अन्य सदस्यों की मौत इससे पहले हो चुकी थी। बाद में जब पुलिस घर के भीतर पहुंची तो पत्नी और तीनों बच्चों के शव कमरे में पड़े मिले, जबकि साजिद फंदे से लटका मिला।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मिली अहम जानकारी
पोस्टमार्टम की प्रारंभिक रिपोर्ट में संकेत मिले हैं कि पत्नी राबिया, बेटी शाहिदा बेगम, बेटी इरशाबा परवीन और बेटे इरशाद अली की मौत गुरुवार रात ही हो चुकी थी।इसी आधार पर SIT को आशंका है कि साजिद शुक्रवार सुबह तक जीवित था और बाद में उसने फांसी लगाकर आत्महत्या की।हालांकि मौत की अंतिम वजह का खुलासा फोरेंसिक साइंस लैब (FSL) की रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा।
इस मामले में जांच एजेंसी का कहना है कि गुरुवार की रात सभी का हत्या करने और फिर अपनी जान शुक्रवार को देने के पीछे की वजह बिल्कुल साफ है। साजिद ये नहीं चाहता था कि परिवार का कोई सदस्य जिंदा बचे। गुरुवार रात करीब 9-10 बजे रसगुल्ला में जहर मिलाकर देने के बाद वो पूरी रात ये देखता रहा कि सभी की मौत हुई है या नहीं है। हालांकि कौन सी जहर का इस्तेमाल किया गया था, इसकी रिपोर्ट अभी आनी है।
रसगुल्ला और पेड़ा खरीदकर घर पहुंचा था साजिद
जांच में सामने आया है कि गुरुवार रात साजिद बाजार से रसगुल्ला और पेड़ा लेकर घर पहुंचा था। उस समय उसकी पत्नी और दोनों बेटियां घर में थीं, जबकि बेटा इरशाद बाहर दोस्तों के साथ था।पुलिस के अनुसार, साजिद ने बेटे को फोन कर कहा कि वह जल्दी घर लौट आए क्योंकि मिठाई लाई गई है। बेटे के घर लौटने के बाद पूरा परिवार एक साथ बैठकर मिठाई खाता है। ये जानकारी इरशाद के उन दोस्तों से भी पुलिस को मिली है कि जब वो उनके साथ था, तो उसके पिता ने फोन कर उसे बुलाया था। SIT को आशंका है कि इसी मिठाई में जहरीला पदार्थ मिलाया गया हो सकता है। हालांकि इसकी पुष्टि जांच रिपोर्ट आने के बाद ही होगी।
किचन से मिले खाने और मिठाई के सैंपल
घटनास्थल से पुलिस ने बची हुई मिठाई, चावल, आलू समेत अन्य खाद्य सामग्री के सैंपल जब्त किए हैं। इन्हें रासायनिक परीक्षण के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है।जांच अधिकारी मानते हैं कि FSL रिपोर्ट इस पूरे मामले की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी साबित हो सकती है।
महीने भर का राशन पहले ही भर लिया था
जांच के दौरान एक और हैरान करने वाली बात सामने आई। पुलिस को पता चला कि घटना से करीब चार दिन पहले साजिद ने महीने भर का राशन खरीदकर घर में रखा था।इस तथ्य ने जांच को और उलझा दिया है। यदि वह पहले से आत्महत्या की योजना बना रहा था तो राशन जमा करने का कारण क्या था? इस सवाल का जवाब अभी जांच एजेंसियां तलाश रही हैं।
क्या कर्ज बना मौत की वजह?
पुलिस कुछ लोगों से पूछताछ कर रही है, जिन पर भारी ब्याज पर पैसा देने और कथित तौर पर मानसिक दबाव बनाने के आरोप हैं। स्थानीय लोगों ने बताया कि साजिद ने कुछ लोगों से कर्ज लिया था।हालांकि अब तक की जांच में पुलिस को ऐसे ठोस दस्तावेज या सबूत नहीं मिले हैं, जिनसे यह स्पष्ट हो सके कि केवल आर्थिक तंगी ही इस घटना की वजह थी।दिलचस्प बात यह भी है कि मकान मालिक ने पुलिस को बताया कि साजिद हमेशा समय पर किराया चुकाता था।
SIT हर एंगल से कर रही जांच
पुलिस फिलहाल हत्या, आत्महत्या, आर्थिक दबाव, मानसिक तनाव और अन्य संभावित कारणों समेत हर पहलू की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि FSL रिपोर्ट, डिजिटल साक्ष्य, कॉल डिटेल और पूछताछ के बाद ही पूरे घटनाक्रम की वास्तविक तस्वीर सामने आएगी।
अब तक की जांच में सामने आए प्रमुख तथ्य
- गुरुवार रात पत्नी और तीन बच्चों की मौत होने की प्रारंभिक पुष्टि।
- शुक्रवार सुबह 9:15 बजे CCTV में साजिद अकेला दिखाई दिया।
- कुछ समय बाद उसका शव फंदे से लटका मिला।
- घटना से पहले बाजार से रसगुल्ला और पेड़ा खरीदने की पुष्टि।
- बची हुई मिठाई और खाने के नमूने जांच के लिए भेजे गए।
- घटना से चार दिन पहले महीने भर का राशन खरीदा गया था।
- कथित कर्ज और सूदखोरी के एंगल पर भी पूछताछ जारी।
- SIT और पुलिस सभी संभावित पहलुओं की जांच कर रही है।










